महिलाओं में डिप्रेशन का इलाज
डॉक्टर के परामर्श से डिप्रेशन के इलाज के लिए कई तरीकों का प्रयोग किया जाता है, जिसमें एंटीडिप्रेसेंट जैसी दवायें , मस्तिष्क की स्टीम्युलेशन तकनीक जैसे ईसीटी और व्यक्तिगत मनोचिकित्सा आदि शामिल हैं।
तनाव मुक्त तथा सुप्रबंधित रहना, स्वस्थ प्रकार का भोजन करना सबसे अधिक मदद करता है।
महिलाओं में मेनिया डिप्रेशन का एक प्रकार
असामान्य रूप से उच्च मूड और चिड़चिड़ापन, नींद की आवश्यकता में कमी, घोड़े पर सवार विचार, तेजी से बतियाना , भव्य विचारों की अभिव्यक्ति, ऊर्जा में बढ़ोतरी , सेक्स इच्छा में वृद्धि, न्यूनतम निर्णय क्षमता - जोखिम लेने वाला व्यवहार, अनुचित सामाजिक व्यवहार
महिलाओं में मेनिया के रूप में डिप्रेशन
मेनिया एक उच्च ऊर्जावान अवस्था है जिसमें मूड स्तर उच्च होता है जैसाकि बाई पोलर विकार में अक्सर होता है। इसे मूड स्विंग भी कह सकते हैं - डिप्रेशन की निम्न अनुभूति और मेनिया की उच्चतर सीमा । भले ही मेनिया एक उच्च मनोदशा है, फिर भी इसे चिकित्सीय ध्यान देने की आवश्यकता है।
महिलाओं में डिप्रेशन के लक्षण
लगातार उदासी, चिंतित, या खालीपन का अनुभव, सेक्स सहित अन्य गतिविधियों में अरुचि, बेचैनी, चिड़चिड़ापन, अत्यधिक रोना, अपराधबोध, व्यर्थता की मिश्रित भावनाएँ, अधिक या कम नींद, वजन में बढ़ोतरी या कमी, थकान, आत्मघाती विचार, ध्यान केंद्रित करने, निर्णय लेने में कठिनाई, सिरदर्द, पाचन विकार, क्रोनिक दर्दें, आदि
डिप्रेशन क्या है?
किशोरावस्था की शुरुआत के साथ ही महिला वर्ग में पुरुषों की तुलना में डिप्रेशन के विकास का जोखिम दोगुना हो जाता है|
महिलाओं के जीवन में होने वाले हार्मोनल परिवर्तन- किशोरावस्था, गर्भावस्था और मेनोपॉज, साथ ही जन्म देने या गर्भपात, पीएमएस अनुभव , काम का तनाव महिलाओं को डिप्रेशन का शिकार बना सकते है|